40 के बाद महिलाओं के लिए डाइट चार्ट – Diet Chart For 40 Year Old Indian Woman in Hindi

40 के बाद महिलाओं के लिए डाइट चार्ट - Diet Chart For 40 Year Old Indian Woman in Hindi
Written by Deepti

Diet For 40 Year Old Woman In Hindi 40 के बाद महिलाओं के लिए डाइट चार्ट कैसा होना चाहिए, इस बारे में हम आपको बताने जा रहे हैं। अगर आप भी 40 की उम्र में कदम रखने जा रही हैं या 40 का आंकड़ा पार कर चुकी हैं, तो हम यहां आपके लिए ऐेसा आहार लेकर आए हैं, जो न केवल आपको शारीरिक बल्कि मानसिक रूप से भी स्वस्थ रखेगा।

महिलाओं में 40 वर्ष की आयु के बाद मेटाबॉलिज्म धीमा होने लगता है और हार्मोन लेवल में भी परिवर्तन आने लगता है। 40 साल की उम्र पार करने के बाद महिलाओं के शरीर में कैल्शियम कम होने से हड्डियां कमजोर होने लगती हैं, स्किन ड्राई होने लगती है और वजन भी बढ़ने लगता है। इसके साथ ही पाचन संबंधी समस्याएं, हार्मोन लेवल में बदलाव, हड्डियों की मोटाई कम होने जैसी समस्याएं शुरू हो जाती हैं। बोन डेंसिटी के नुकसान से महिलाओं को ऑस्टियोपोरोसिस और फ्रैक्‍चर होने का खतरा बढ़ जाता है। यदि 40 साल की उम्र के बाद वजन बढ़ने लगे, तो आपको कम कैलोरी वाले खाद्य पदार्थों का सेवन करना चाहिए। लेकिन आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है क्‍योंकि एक हेल्‍दी लाइफस्‍टाइल अपनाकर 40 पार महिलाएं भी इन सभी समस्याओं से बच सकती हैं।

विशेषज्ञों के अनुसार किसी भी डाइट प्लान में डिजाइन किया गया आहार आपकी मेडिकल कंडीशन, कैलोरी आवश्यकताओं और पोषक तत्वों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया जाना चाहिए। जीवन के इस बिजी स्टेज में एक स्वस्थ आहार का सेवन करने से आपको एक ही समय में परिवार के दायित्वों को निभाने और खुद का ख्याल रखने में मदद मिलेगी। तो चलिए, आज के इस आर्टिकल में जानते हैं 40 के बाद महिलाओं को कैसा आहार लेना चाहिए। इसके अलावा यहां 40 प्लस महिलाओं के लिए एक सैंपल इंडियन डाइट प्लान भी तैयार किया है, जिसे फॉलो कर आप खुद को स्वस्थ रखने के साथ वजन को भी मेनटेन रख सकती हैं। आइए जानें कौन सी है पोषण से भरपूर ये चीजें!

  1. 40 के बाद महिलाओं की डाइट में बदलाव क्यों जरूरी है – Why change in women’s diet after 40 in Hindi
  2. कैसा हो 40 के बाद महिलाओं का आहार – Women diet after 40 in Hindi
  3. 40 पार महिलाओं के भोजन की कैलोरी को ऐसे करें विभाजित – How to divide the calories of food across 40 women in Hindi
  4. 40 की उम्र वाली महिलाओं के लिए इंडियन डाइट प्लान – Indian diet plan for women over 40 in Hindi
  5. हेल्दी डाइट प्लान फॉलो करते हुए क्या करें, क्या न करें – Diet plan ke samay kya kare kya na kare in Hindi
  6. 40 के बाद डाइट को लेकर बरतें सावधानी – Precaution taken about diet after 40 in Hindi
  7. 40 के बाद महिलाओं के लिए आहार के टिप्स – 40 ke baad mahilao ke liye diet tips in Hindi
  8. 40 के बाद आहार चार्ट के लिए ध्यान रखने के लिए बातें – Things to keep in mind for diet chart after 40 in Hindi

40 के बाद महिलाओं की डाइट में बदलाव क्यों जरूरी है – Why change in women’s diet after 40 in Hindi

40 के बाद महिलाओं की डाइट में बदलाव क्यों जरूरी है - Why change in women's diet after 40 in Hindi

भारत में महिलाएं पति, परिवार और बच्चों का जितना ध्यान रखती हैं, उसका एक प्रतिशत अपना ध्यान रखने की फुसर्त उन्हें नहीं मिलती। शुरूआत में तो इसका असर शरीर पर दिखाई नहीं देता, लेकिन 40 की उम्र पार करने के बाद शरीर काफी कमजोर हो जाता है। तब इस बात का अहसास होता है कि तब खुद पर ध्यान क्यों नहीं दिया। इस उम्र में महिलाओं को रजोनिवृति (मेनोपॉज़) जैसी कई शारीरिक समस्याओं का सामना करना पड़ता है। उनका मेटाबॉलिज्म स्लो हो जाता है, बुढ़ापे का अहसास होने लगता है और कई बीमारियों भी उन्हें घेर लेती हैं।

इन समस्याओं से राहत पाने के लिए ही महिलाओं को 40 के बाद अपनी डाइट में बदलाव करने की जरूरत पड़ती है। उनके लिए डाइट ऐसी होनी चाहिए, जिसमें भरपूर मात्रा में कैल्शियम, आयरन, प्रोटीन, फाइबर आदि शामिल हों। इससे बढ़ती उम्र के साथ कमजोर हो रही मांसपेशियों को मजबूती मिलेगी वहीं रोग प्रतिरोधक क्षमता में भी सुधार होगा।

(और पढ़े – कैल्शियम युक्त भोजन महिलाओं के लिए…)

कैसा हो 40 के बाद महिलाओं का आहार – Women diet after 40 in Hindi

कैसा हो 40 के बाद महिलाओं का आहार - Women diet after 40 in Hindi

चूंकि 40 की उम्र में मेटाबॉलिज्म स्लो हो जाता है। इसलिए महिलाओं को हेल्दी डाइट पैटर्न को फॉलो करना बहुत जरूरी है। विशेषज्ञ कहते हैं, कि 40 के बाद महिलाओं को अपने स्वास्थ्य को गंभीरता से लेने की जरूरत है। यहां हम आपको बता रहे हैं, कि 40 की होते ही महिलाओं को अपने आहार में क्या-क्या शामिल करना चाहिए।

  • 40 की उम्र के बाद महिलाओं को सॉलिड शुगर और फैट आहार में शामिल करना चाहिए। इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिसन 40 की उम्र में महिलाओं को कार्ब से 45-65 प्रतिशत कैलोरी और वसा से 20-35 प्रतिशत प्राप्त करने की सलाह देता है। जो 1500 कैलोरी खाने पर दिन में 169 से 244 ग्राम कार्ब और 33 से 58 ग्राम वसा के बराबर होती है। ठोस काब्र्स में साबुत अनाज, सब्जियां, नट्स, बीज, दूध, दही को चुनें और वसा में मछली, नट, बीज, एवोकैडो और जैतून का सेवन करें।
  • 40 की उम्र में महिलाओं के लिए साबुत अनाज एक बढ़िया विकल्प है। यह बढ़ते हुए रक्तचाप और स्लो मेटाबॉलिज्म को कंट्रोल करने में मदद करता है। अनाज में सफेद ब्रेड और सफेद चावल को खाने से शरीर में अधिक फाइबर प्राप्त करने में मदद मिलेगी। आहार में फाइबर शामिल करने से वजन बढ़ने से रोकने में मदद मिलती है। अध्ययनों से पता चला है, कि साबुत अनाज शरीर में पोटेशियम बनाए रखने में मदद करते हैं।
  • महिलाओं के लिए फाइबर का सेवन करना बहुत जरूरी है। इसे आप सलाद के रूप में ले सकते हैं। पालक, गाजर, खीरा, टमाटर, मूली, किशमिश, संतरे और स्ट्रॉबैरी खाने से ज्यादा पोषण मिलता है। ये सभी पोषक तत्व फाइबर, पोटेशियम, एंटीऑक्सीडेंट और विटामिन सी प्रदान करते हैं। यह त्वचा को टाइट रखने और यूवी किरणों से बचाने में भी मदद करते हैं।
  • 40 की उम्र पार करते ही महिलाओं को प्रोटीन युक्त आहार लेना चाहिए। हर दिन 46 ग्राम प्रोटीन युक्त आहार लेने से उम्र के साथ हो रहे बदलाव से लड़ने में मदद मिलती है। एग व्हाइट, दुबला मीट, सोया आयटम, नट, बीज, सब्जियां प्रोटीन युक्त आहार हैं।
  • इंसुलिन के स्तर को नियंत्रण में रखने के लिए फास्ट बर्निंग कार्ब युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन कम करना चाहिए। इसमें चीनी, सफेद ब्रेड, चावल, नूडल्स और आलू शामिल है। इसलिए आप स्लो बर्निंग कार्ब का विकल्प चुन सकते हैं। इसमें साबुत अनाज, पास्ता, बीन्स, दाल, शकरकंद खाएं। धीमी गति से चलने वाले काब्र्स आपको निरंतर ऊर्जा प्रदान करेगा और शुगर क्रेविंग से लडऩे में मदद करेगा। इतना ही नहीं, यह इंसुलिन से लडऩे में भी आपकी मदद करेगा, ताकि 40 के बाद आप स्वस्थ रहें।
  • 40 की हो जाने पर यह सुनिश्चित करें, कि आपको आहार में पर्याप्त कैल्शियम मिले। हर दिन 1000 मिग्री कैल्शियम के अपने आहार को पूरा करने के लिए अपनी दिनचर्या में नॉनफैट दूध की चीजें, हरी सब्जियां, टोफू, बीन्स, ब्रोकोली, मछली, दूध, दही और अंडे शामिल करें।

(और पढ़े – स्वस्थ आहार के प्रकार और फायदे…)

40 पार महिलाओं के भोजन की कैलोरी को ऐसे करें विभाजित – How to divide the calories of food across 40 women in Hindi

40 पार महिलाओं के भोजन की कैलोरी को ऐसे करें विभाजित - How to divide the calories of food across 40 women in Hindi

  • ब्रेकफास्ट– 400 किलो कैलोरी
  • मिड मॉर्निंग- 150 किलो कैलोरी
  • लंच- 600 किलो कैलोरी
  • ईवनिंग स्नैक- 100 किलो कैलोरी
  • स्नैक के बाद – 125 किलो कैलोरी
  • डिनर- 500 किलो कैलोरी
  • कुल कैलोरी- 1875 किलो कैलोरी

(और पढ़े – कैलोरी क्या है, मात्रा, चार्ट, कम कैलोरी वाले आहार और कैलोरी बर्न कैसे करें…)

40 की उम्र वाली महिलाओं के लिए इंडियन डाइट प्लान – Indian diet plan for women over 40 in Hindi

40 की उम्र वाली महिलाओं के लिए इंडियन डाइट प्लान - Indian diet plan for women over 40 in Hindi

एक भारतीय व्यस्क महिला जिसकी उम्र 20 से 40 की बीच होती है और वजन कम से कम 50 किग्रा होता है। उनमे से हर दिन एक्टिव रहने वाली महिलाओं को 1875 किलो कैलोरी की जरूरत होती है, जबकि 50 ग्राम प्रोटीन और 20 ग्राम वसा की जरूरत होती है। यहां हम आपको 40 की उम्र वाली महिलाओं के लिए बेस्ट इंडियन डाइट चार्ट बता रहे हैं।

नाश्ते (सुबह 8 बजे) में- जई और स्किम्ड दूध के साथ छोटा कटोरा ओट्स, कुछ ताजे फल जैसे सेब, पपीता, अनार, एक उबला अंडा और ग्रीन टी/ दो रागी इडली बिना तड़के वाली चटनी के साथ और एक गिलास स्किम्ड दूध / एक ब्रेड सैंडविच धनिया की चटनी के साथ, एक क्टोरी सब्जी ककड़ी और टमाटर के साथ, एक खजूर, एक गिलास स्किम्ड मिल्क/ एक कटोरी वेजिटेबल उपमा, खाकरा और चाय के साथ ले सकतीं हैं।

नाश्ते के बाद 10 बजे- खीरा, प्याज, टमाटर, नींबू के साथ एक छोटी कटोरी स्प्रोउटेड सलाद / संतरा या सेब या दो डाइजेस्टिव बिस्किट खा सकते हैं।

दोपहर के भोजन में 1:30 बजे- दो चपाती या दो मेथी के थेपले, छोटी कटोरी बैंगन की सब्जी या आलू मटर करी की सब्जी या फिर दाल-चावल, दही, एक भुना हुआ पापड़ और एक छोटा कटोरा ब्राउन राइस  या फिर एक छोटी कटोरी अंडा करी या फिश करी और सलाद के साथ दो चपाती और एक कटोरी ब्राउन राइस के साथ कढ़ी और मिठाई में दो खजूर या एक बेसन का लड्डू या एक एप्पल पाइ ले सकते हैं।

शाम 4 बजे- एक गिलास स्किम्ड दूध या दो नमकीन बिस्कुट/ स्किम्ड दूध की चाय के साथ दो नमकीन बिस्किट खाएं।

स्नैक्स के बाद 6 बजे– दो ढोकले के टुकड़े धनिया चटनी के साथ/ दो पीस ग्रील्ड व बेक्ड आलू पेटीज/ एक छोटी कटोरी टमाटर के साथ बेक की हुई मैक्रोनी खाएं।

रात के खाने में 8:30 बजे- एक कटोरी प्याज और मशरूम का सूप, एक छोटी कटोरी राजमा,और मिक्स सब्जी रायता के साथ मध्यम कटोरी सब्जी और सोया चना पुलाव/ दो चपाती मिक्स वेजिटेबल के साथ, एक छोटी कटोरी खिचड़ी दही के साथ/ पालक चिकन चीन चपाती के साथ और ककड़ी व गाजर की कुछ स्टिक्स ले सकते हैं। मीठे के लिए ताजे फलों की बनी एक छोटी कटोरी कस्टर्ड या ताजे फलों के साथ एक छोटी कटोरी कम वसा वाला दही ले सकते हैं।

(और पढ़े – संतुलित आहार के लिए जरूरी तत्व , जिसे अपनाकर आप रोंगों से बच पाएंगे…)

हेल्दी डाइट प्लान फॉलो करते हुए क्या करें, क्या न करें – Diet plan ke samay kya kare kya na kare in Hindi

हेल्दी डाइट प्लान फॉलो करते हुए क्या करें, क्या न करें - Diet plan ke samay kya kare kya na kare in Hindi

40 के बाद खुद को हेल्दी रखने के लिए हेल्दी डाइट प्लान और एक्सरसाइज के अलावा अनुशासित जीवनशैली का पालन करना बहुत जरूरी है। तो आइए, हम आपको बताते हैं, कि हेल्दी डाइट प्लान को फॉलो करते आप क्या करें, क्या न करें।

  • 40 के बाद खुद को हेल्दी रखने के लिए हेल्दी डाइट प्लान को फॉलो करते हुए कभी भी ब्रेकफास्ट स्किप न करें। नाश्ते से आपको एनर्जी मिलती है आप दिनभर तरोताजा बने रहते हैं। नाश्ता छोड़ने से आप कम एनर्जी, थकान, कम रक्त शकर्रा, कमजोरी, सिरदर्द का अनुभव कर सकते हैं।
  • एक मील में बहुत ज्यादा भोजन न खाएं। अपने भोजन को कई टुकड़ों में विभाजित करें और अलग-अलग समय पर खाएं। आदर्श रूप से दिन में चार बार खा सकते हैं।
  • 40 के बाद जंक फूड का सेवन करने से बचें। अक्सर ये जंक फूड पाम ऑयल से बनाए जाते हैं, जिसमें कैलोरी हाई रहती है और पोषक बिल्कुल नहीं होते हैं।
  • हेल्दी डाइट प्लान का पालन करते हुए हरी सब्जियों का सेवन करें। हरी पत्तेदार सब्जियां पोषक तत्वों और विटामिनों से भरपूर रहती है। फ्रेश सब्जियां आपके भोजन को पूरा करती हैं और शाकाहारी भोजन खाने के बाद आप तरोताजा और ऊर्जावान महसूस करते हैं।
  • 40 प्लस की महिलाओं को रेड मीट का सेवन कम से कम करना चाहिए। दरअसल, रेड मीट में शामिल हार्मोन स्तन कैंसर के खतरे को बढ़ा सकता है। कुछ तरह के लाल मीट में सेच्युरेटिड फैट ज्यादा रहता है, जो ब्लड कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाते हैं, जिससे ह्दय रोग का खतरा बढ़ता है। अगर आप अपने कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रण में रखना चाहते हैं, तो अंडे की जर्दी का सेवन बहुत ज्यादा न करें।
  • चालीस की उम्र की महिलाओं को रिफाइन्ड शुगर खाने से बचना चाहिए। इसमें अकेली कैलोरी होती है, कोई पोषण नहीं होता।
  • 40 का आंकड़ा पार कर चुकी महिलाओं को रात में जल्दी खाना खा लेना चाहिए। खाने का सही समय शाम 8 बजकर 40 मिनट है। इसके बाद खाने से बचना चाहिए। अगर आप देर रात भोजन कर भी रहे हैं, तो ध्यान रखें कि बहुत ज्यादा हैवी मील न लें।
  • उम्र बढ़ने के साथ महिलाओं का शरीर कमजोर होने लगता है, ऐसे में कोई भी सोडियम और कैफीन युक्त पेय पदार्थ पीने से बचना चाहिए। खासतौर से कोल्ड ड्रिंक का सेवन 40 की उम्र के बाद नहीं करना चाहिए। कोल्ड ड्रिंक में हाई शुगर होती है, जो अस्थाई रूप से तो आपकी प्यास बुझा सकती है, लेकिन वास्तव में यह आपके शरीर को डिहाइड्रेट करती है।

(और पढ़े – आयुर्वेद के अनुसार भोजन के नियम…)

40 के बाद डाइट को लेकर बरतें सावधानी – Precaution taken about diet after 40 in Hindi

40 के बाद डाइट को लेकर बरतें सावधानी - Precaution taken about diet after 40 in Hindi

40 के पड़ाव को पार करते ही महिलाओं को अपने बाइट्स पर ध्यान देना चाहिए। जैसे-जैसे उम्र बढ़ती है, मेटाबॉलिज्म स्लो होने लगता है। 2008 में इंटरनेशनल जर्नल ऑफ ओबेसिटी के एक अध्ययन के अनुसार, इस उम्र के बाद शरीर कम कैलोरी का उपयोग करता है। इसका मतलब यह है, कि आप पहले से ज्यादा छोटे-छोटे बाइट्स खाएं और ज्यादा खाने से बचें।

  • चालीस पार महिलाओं को नमक का सेवन कम करने की सलाह दी जाती है। आहार में बहुत अधिक नमक रक्तचाप को नकारात्मक रूप से प्रभावित करता है, क्योंकि यह शरीर में पानी बनाने का काम करता है। यही अतिरिक्त पानी, रक्तचाप को बढ़ाता है। जिससे ह़दय, गुर्दे, धमनियों और मास्तिष्क पर असर पड़ता है।
  • विशेषज्ञों के अनुसार 40 की ज्यादा उम्र वाली महिलाओं को आर्टिफिशियल शुगर का सेवन कम कर देना चाहिए। आमतौर पर शकर्रा दूध और कार्बनिक उत्पाद में पाई जाती है।
  • 40 के बाद महिलाओं के शरीर में कई तरह के बदलाव होते हैं। ऐसे में शराब और कैफीन का अधिक सेवन करने से बचना चाहिए।
  • अल्कोहल और कैफीन दोनों ही मेनोपॉज की स्थिति को तेज कर सकते हैं। नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ के अनुसार, ज्यादा अल्कोहल लेने से हार्ट और लीवर में समस्या होने का खतरा बढ़ जाता है। बता दें, कि शराब हृदय रोग का प्रमुख कारण है।

(और पढ़े – मेनोपॉज में क्या खाना चाहिए और क्या नहीं…)

40 के बाद महिलाओं के लिए आहार के टिप्स – 40 ke baad mahilao ke liye diet tips in Hindi

40 के बाद महिलाओं के लिए आहार के टिप्स - 40 ke baad mahilao ke liye diet tips in Hindi

महिलाओं को आमतौर पर सुबह जल्दी उठने की आदत होती है। इसलिए उन्हें सुबह 6:30 बजे दो बादाम, कुछ किशमिश और दो अखरोट जरूर खाना चाहिए। यह आपकी भूख को शांत करेगा, हीमोग्लोबिन लेवल को सही रखेगा और उन्हें तनावमुक्त रखेगा।

  • हर दिन एक से डेढ़ लीटर पानी पीएं।
  • गहरे हरे, लाल और नारंगी, सेम और मटर, स्टार्च और गैर-स्टार्च सहित विभिन्न प्रकार की सब्जियां चुनें।
  • तरह-तरह के फल खाएं।
  • अपने दैनिक आहार में अनाज को शामिल करें। आपका आधा अनाज साबुत अनाज होना चाहिए।
  • वसा रहित या कम वसा वाले डेयरी प्रोडक्ट्स का इस्तेमाल करें। इसमें दूध, दही, पनीर या फोर्टीफाइड सोया उत्पाद शामिल हैं।
  • हर खाने में प्रोटीन लें। स्वस्थ प्रोटीन में दुबला मांस (चिकन), समुद्री भोजन, अंडे, बीन्स और मटर, नट, बीज और सोया उत्पाद शामिल हैं।
  • जैतून के तेल जैसे स्वस्थ तेल का उपयोग करें।
  • कैल्शियम, आहार फाइबर, पोटेशियम, विटामिन ए और विटामिन सी आपके दैनिक आहार में शामिल करने के लिए महत्वपूर्ण पोषक तत्व हैं।
  • स्वस्थ आहार के अलावा महिलाओं को शारीरिक गतिविधि को बनाए रखना भी जरूरी है। वॉकिंग, जॉगिंग, स्वीमिंग या स्क्वैट जैसे व्यायाम 40 की उम्र को पार करने वाली महिलाओं के लिए बेस्ट होते हैं।

(और पढ़े – शरीर के लिए आवश्यक पोषक तत्व…)

40 के बाद आहार चार्ट के लिए ध्यान रखने के लिए बातें – Things to keep in mind for diet chart after 40 in Hindi

40 के बाद आहार चार्ट के लिए ध्यान रखने के लिए बातें - Things to keep in mind for diet chart after 40 in Hindi

40 के बाद, ज्यादातर महिलाएं बेली फैट बढ़ने की सिकायत करती हैं। बेली फैट (मोटापा या वजन का बढ़ना) मधुमेह, हृदय रोग, मनोभ्रंश (dementia) और कुछ कैंसर जैसे रोगों से जोड़ा गया है। यदि आपको 40 के दशक में इनमें से कोई भी परेशानी है, तो आहार चार्ट के लिए अपने डॉक्टर की सलाह का पालन करें। 40 साल की उम्र में, महिलाएं पुरुषों की तुलना में दोगुनी तेजी से मांसपेशियों को खो देती हैं। अधिकांश नुकसान आपकी मूल मांसपेशियों में होता है, जो आपके पेट का समर्थन करता है (पेट की चर्बी का एक अन्य कारण)। क्रैश डाइट (कम समय में तेजी से वजन कम करने के लिए कैलोरी की बहुत कम मात्रा में खाने) और अपनी मांसपेशियों का उपयोग नहीं करने से भी मांसपेशियों की हानि होती है।

भारतीय महिलाओं को स्वस्थ और खुशहाल जीवन जीने में भारतीय आहार योजना का पालन करना अच्छा है। जीवनशैली में छोटे-छोटे बदलाव आपको 40 साल के बाद अंदर से मजबूत और स्वस्थ बना सकते हैं।

(और पढ़े – वजन और मोटापा कम करने के लिए क्या खाएं क्या न खाए…)

इसी तरह की अन्य जानकरी हिन्दी में पढ़ने के लिए हमारे एंड्रॉएड ऐप को डाउनलोड करने के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं। और आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं।

Leave a Comment

Subscribe for daily wellness inspiration