एलर्जी लक्षण, बचाव के तरीके और घरेलू उपचार – Allergy symptoms, Causes and Home treatment in Hindi

एलर्जी लक्षण, बचाव के तरीके और घरेलू उपचार - Allergy symptoms, Causes and Home treatment in Hindi
Written by Ganesh

एलर्जी तब होती है जब हमारा सरीर किसी पदार्थ के प्रति प्रतिक्रिया करता है |यह मामूली से कठिन समस्या हो सकती है |एलर्जी के बिभिन्य प्रकार होते है | इस लेख में आप जानेगे एलर्जी लक्षण, बचाव के तरीके और घरेलू उपचार के बारे में।

सबसे आम एलर्जीयां इन चीजो से होती है:

  • हवा मे मोजूद चीजे जैसे फूलो का पराग, मिटटी, पालतू पशुओं की रुसी या धूल
  • वे चीजे जिन्हें आप छूते है जैसे धातु वनस्पति दूध या रसायन
  • आप जो कुछ खाते या पीते है जैसे अंडे, मुगफली, मेवा, दूध, सोया,गेहूं या शंख मीन
  • कीड़ो के डंक, जैसे बर्र, मधुमख्की, ततैया, चीते के डंक
  • दवाएं

allergy/एलर्जी से मुक्ति नहीं मिल सकती, लेकिन इलाज से आप वेहतर महसूस कर सकते है| सबसे अच्छी योजना यह होगी की उन चीजों से बचा जाये जो आपके लक्षण को और बुरा बनाती है

एलर्जी के लक्षण क्या हैं- What are the symptoms of allergy in hindi

allergy/एलर्जी के लक्षण हर व्यक्ति में अलग-अलग होते हैं। एलर्जन से संपर्क की मात्रा, क्षमता और पीड़ित व्यक्ति की रोग प्रतिकार शक्ति के अनुसार यह लक्षण कम-ज्यादा हो सकते हैं।

सामान्य तौर पर देखे जानेवाले एलर्जी के लक्षणों जानकारी निचे दी गयी हैं :

1. नाक में एलर्जी  बार-बार जुखाम होना, नाक से पानी बहना या नाक कफ से जाम हो जाना, खुजली आना, छींके आना इत्यादि।

2.त्वचा मेंएलर्जी  खुजली होना, त्वचा पर लाल चट्टे, खुजली करने पर चट्टे पड़कर सूजन आना इत्यादि।

3.आँख मेंएलर्जी  आँखों में से पानी आना, खुजली होना, आँखे लाल होना इत्यादि।

4.फेफड़ो में एलर्जी – सांस लेने में तकलीफ, फेफड़ों में कफ जम जाना, सांस लेते समय सिटी जैसा आवाज आना, घबराहट इत्यादि।

5.आहार और एलर्जी कुछ लोगो को आहार पदार्थों से एलर्जी होती है जैसे की टमाटर, खीरा, दूध, अंडा या मछली इत्यादि। ऐसा आहार लेने पर अगर एलर्जी होती है तो गैस, उलटी, पेट दर्द, खुजली, जुलाब, त्वचा पर लाल चट्टे जैसे लक्षण नजर आते हैं।

6.सम्पूर्ण शरीर में एलर्जी कभी-कभी किसी विशेष एलर्जन के संपर्क में आने पर अतिसंवेदन शीलता के कारण सम्पूर्ण शरीर में एलर्जी होकर घबराहट, सांस लेने में तकलीफ, चेहरे पर सूजन, खुजली जैसे लक्षण नजर आते है और पीड़ित को गंभीर अवस्था में हॉस्पिटल में भर्ती कराना पड़ता हैं।

7.दवा से एलर्जी दवा से एलर्जी होने पर पीड़ित की हालत बेहद ख़राब हो सकती है और तुरंत हॉस्पिटल में दाखिल कर उपचार कराना पड़ता हैं।

एलर्जी ( Allergy) के बचाव के तरीके Ways to Protect Allergy in hindi

  1. सबसे पहले तो जो सामान्य चीज़े आप कर सकते है वो है घर में पालतू पशुओ और जानवरों के करीब जाने से बचे अगर आपको उनके बालों से एलर्जी ( Allergy)  है और उसके बाद घर को साफ़ सुथरा रखने के साथ साथ उपयुक्त कीटनाशकों का भी प्रयोग करें ताकि कचरे वाले मछर पैदा नहीं हो |
  2. घर में वूलन का कारपेट इस्तेमाल नहीं करें और teddybear या अन्य soft toys को साफ़ रखें  |
  3. एकदम गरम से ठन्डे और ठन्डे से गरम वातावरण में ना जाएं l
  4. वूलन के blankit के बजाय बाजार में मौजूद ‘एक्रिलिक’ रजाई और सिंथेटिक तकियों का इस्तेमाल करे |
  5. बाइक चलाते समय मुंह और नाक पर रुमाल बांधे,आँखों पर धूप का अच्छी क़्वालिटी का चश्मा  लगायें
  6. पालतू पशुओं को अपने लिविंग रूम से दूर ही रखें |
  7. जानवरों और पालतू पशुओं के बारे में ध्यान रखे कि उन्हें नियमित रूप से नहलाएं और उनके बाल अधिक बड़े नहीं होने दें क्योंकि उनके बालों में धुल मिटटी फंस जाने के कारण अगर आप उनके सम्पर्क में आते है तो आपको परेशानी का सामना करना पड़ सकता है |
  8. घर में proper ventilation की व्यवस्था रखें |
  9. अपनी कबर्ड में सूखे और साफ़ कपडे ही रखें क्योंकि मैले या नम कपड़ों से फफूंद की समस्या हो सकती है इसलिए इसका ध्यान रखें |
  10. ज़िन पौधों के पराग कणों से एलर्जी है उनसे दूर रहे l
  11. जब आप एलर्जी ( Allergy) के लिए टेस्ट करवा लेते है तो एक बार एलर्जी ( Allergy) के कारक चिन्हित हो जाने की दशा में खानपान का विशेष ध्यान रखें अगर आप बाजार से कोई चीज़ खरीद कर खाते है पीते है तो उस पर उसमे मौजूद तत्व अंकित होते है इसलिए एक बार उनका ध्यान रखकर ही कोई चीज़ खाएं |

एलर्जी का निदान कैसे किया जाता हैं- How to diagnose allergy in hindi

ज्यादातर मामलों में एलर्जी का निदान पीड़ित की शारीरिक जांच, लक्षण और एलर्जी का इतहास  देखकर ही निदान हो जाता हैं। कुछ मामलों में अगर पीड़ित को पता नहीं चलता है की उसे किस चीज से एलर्जी हो रही हैं तो ऐसी अवस्था में पीड़ित की रक्त जांच / Blood Test की जाती हैं। रक्त जांच में शाकाहारी आहार, मांसाहारी आहार, दवा, वनस्पति, परागकण और किटक(insect) के प्रति संवेदन शीलता की जांच की जाती हैं।
रक्त जांच का रिपोर्ट आने पर जिस चीज के प्रति अतिसंवेदन शीलता पायी जाती है उस चीज से दुरी बनाने की सलाह दी जाती हैं। एलर्जी को सामान्य मानकर दुर्लक्षित करना बेहद खतरनाक हो सकता है। अगर आपको एलर्जी की समस्या है तो उसे कम करने के लिए उपाय करने चाहिए।

एलर्जी से बचाव के घरेलु उपाय /home remedies for Allergy Treatment in Hindi

1.नाक की एलर्जी -जिन लोगों को नाक की एलर्जी बार बार होती है उन्हें सुबह भूखे पेट 1 चम्मच गिलोय और 2 चम्मच आंवले के रस में 1चम्मच शहद मिला कर कुछ समय तक लगातार लेना चाहिए इससे नाक की एलर्जी में आराम आता है ,सर्दी में घर पर बनाया हुआ या किसी अच्छी कंपनी का च्यवनप्राश खाना भी नासिका एवं साँस की एलर्जी से बचने में सहायता करता है आयुर्वेद की दवा सितोपलादि पाउडर एवं गिलोय पाउडर को 1-1 ग्राम की मात्रा   में सुबह शाम भूखे पेट शहद के साथ कुछ समय तक लगातार लेना भी नाक एवं श्वसन संस्थान की एलर्जी में बहुत आराम देता है

2.पानी में ताजा अदरक, सोंफ एवं पौदीना उबालकर उसे गुनगुना होने पर पीयें।, इसे आप दिन में 2-3 बार पी सकते हैं।

3.चार पत्ते तुलसी, अदरक, मिश्री, लोंग, कालीमिर्च मिलकर बनाई हुई हर्वल चाय पीने से एलर्जी मे आराम मिलता है|

4.सर्दियो मे चवनप्रास खाने से नाक और सास की एलर्जी दूर होती है|

स्किन एलर्जी से छुटकारा पाने के कुछ घरेलू उपचार home remedies for getting rid of skin allergies

ज्यादा से ज्यादा पानी पिएं: पानी शरीर से टॉक्सिन को बाहर निकालता है। स्किन allergy से बचने के लिए सबसे सस्ता उपाय है पानी। पर्याप्त मात्रा में पानी पीने से शरीर की गंदगी यूरिन के साथ बाहर निकल जाती है।

सुबह की धूप लें: सुबह की धूप त्वचा के लिए कई मायनों फायदेमंद होती है। त्वचा में allergy और फंगस जैसी समस्या सूर्य के प्रकाश से दूर होती हैं। सुबह 20 मिनट की धूप लेने की आदत बनाएं।

कॉड लिवर ऑयल व विटामिन ई: विटामिन ई ऑयल में कॉड लिवर ऑयल मिलाकर एलर्जी वाली जगह पर लगाएं और रात भर छोड़ दें। सुबह तक रैशेज में आराम मिल जाएगा।

तुलसी पत्ते का पैक: तुलसी पत्ते को पीस लें। इसमें एक चम्मच ऑलिव ऑयल, लहसुन की दो कलियां, एक चुटकी नमक और एक चुटकी काली मिर्च मिलाएं। इसे allergy वाली जगह पर लगाएं और थोड़ी देर बाद साफ कर लें।

नीम: एंटी बैक्टीरियल गुण का कारण स्किन की हर तरह की समस्या के निदान में नीम बहुत फायदेमंद है। एलर्जी को दूर करने के लिए नीम की पत्तियों को 6-8 घंटे के लिए पानी में भिगो कर पीस लें। इसको त्वचा पर लगा कर 30 मिनट तक लगाने के बाद धो लें। इसके अलावा नीम की पत्ती को पानी में उबालकर नहाने से भी फायदा मिलता है।

नीम: जिन्हे  बार बार त्वचा की allergy होती है उन्हें मार्च अप्रेल के महीने में जब नीम के पेड़ पर कच्ची कोंपलें आ रही हों उस समय 5-7 कोंपलें 2-3 कालीमिर्च के साथ अच्छी तरह चबा चबा कर 15-20 दिन तक खाना  त्वचा के रोगों से बचाता है,

हल्दी: से बनी आयुर्वेद की दवा हरिद्रा खंड भी त्वचा के  रोगों में बहुत गुणकारी  है इसे किसी आयुर्वेद चिकित्सक की राय से सेवन कर सकते हैं l

पपीता: पपीते में मौजूद एन्जाइम स्किन एलर्जी को दूर करने में भी मददगार होता है। allergy होने पर पपीते के गूदे को मसलकर चेहरे पर लगाएं। 15 मिनट लगा रहने के बाद धो दें।

ऐसे करें बचाव

  1. घर से निकलने से पहले त्वचा को अच्छी तरह ढंक लें। धूप में निकलने से पहले सनस्क्रीन लोशन जरूर लगाएं।
  2. बाहर से आकर चेहरे को पानी से जरूर धोएं। फेसवॉश का ज्यादा इस्तेमाल न करें इससे त्वचा शुष्क होती है।
  3. जिन चीजों से एलर्जी हो उन्हें खाने से बचें। कुछ खाद्य पदार्थ एक साथ खाने से भी एलर्जी हो जाती है।
  4. फिल्टर्ड पानी का ही प्रयोग करें।

अगर इन सब तरीको को आजमाने के बाद भी यदि आपको कोई प्रश्न या चिंता हो तो अपने डॉक्टर से बात करे |

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