स्केबीज (खाज) होने के कारण, लक्षण, इलाज और बचाव – Scabies disease causes, symptoms and treatment in hindi

स्केबीज (खाज) होने के कारण, लक्षण, इलाज और बचाव - Scabies disease causes, symptoms and treatment in hindi
Written by Anamika

Scabies in hindi खाज या स्केबीज त्वचा से जुड़ी एक संक्रामक बीमारी है और यह एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में तेजी से फैलती है। स्केबीज या खाज होने पर व्यक्ति को शरीर के विभिन्न हिस्सों में तेज खुजली महसूस होती है और अगर किसी परिवार में एक व्यक्ति को यह बीमारी हो तो पूरे परिवार के सदस्यों को स्केबीज होने की संभावना रहती है। इसलिए डॉक्टर आमतौर पर पूरे परिवार के सदस्यों के इलाज की सलाह देते हैं। हालांकि यह बहुत गंभीर बीमारी नहीं है और समय पर स्केबीज का इलाज करा के इस बीमारी को ठीक किया जा सकता है। इस लेख में आप जानेगे खाज का कारण, लक्षण और इलाज की जानकारी। (Scabies ke karan laksan aur ilaj in hindi)

1. स्केबीज होने के कारण – Causes of scabies disease in hindi
2. खाज  के लक्षण – Symptoms of scabies disease in hindi
3. स्केबीज का इलाज – Treatment of scabies disease in hindi
4. खाज से बचाव – Prevention of scabies disease in hindi

स्केबीज होने के कारण – Causes of scabies in hindi

खाज त्वचा से जुड़ी अन्य समस्याओं से काफी अलग होता है। आमतौर पर ज्यादातर स्किन की समस्याएं एलर्जी, वायरस के कारण या आनुवांशिक होती हैं। जबकि खाज का इंफेक्शन घुन (mites) के कारण होता है। एक अति सूक्ष्म घुन (mites) जिसे सार्कोप्टीज स्केबी (Sarcoptes scabiei) के नाम से जाना जाता हैष इस बीमारी को उत्पन्न करने वाले घुन आठ पैरों वाले होते हैं और मादा घुन स्किन के नीचे छिद्रों में पैदा होती हैं और स्किन पर ही प्रतिदिन दो से तीन अंडे देता है और अपनी संख्या बढ़ाती हैं। घुन के लार्वा व्यक्ति के स्किन के ऊपरी परत पर चिपका होता है और यहीं पर परिपक्व होकर शरीर के अन्य हिस्सों में फैलता है।

अधिक जनसंख्या वाले स्थानों ज्यादातर लोगों में स्केबीज की समस्या पायी जाती है। नर्सिंग होम, कारागार और बाल गृह में एक दूसरे के अधिक निकट रहने के कारण दूसरा व्यक्ति भी इस बीमारी की चपेट में आ जाता है।

यह बीमारी आमतौर पर हाथ मिलाने (handshake), दूसरे व्यक्ति के कपड़े और बिस्तर का इस्तेमाल करने और यौन संबंध बनाने (sexual relation) से भी होता है। स्केबीज की बीमारी माता-पिता से बच्चों में और विशेषरूप से मां से शिशु में फैलता है। इस बीमारी को उत्पन्न करने वाले घुन(mites) के होस्ट करीब 26 से 36 घंटे जीवित रहते हैं।

स्केबीज के लक्षण – Symptoms of scabies in hindi

खाज के लक्षण आमतौर पर बहुत कम दिखाई देते हैं लेकिन खाज की समस्या होने पर व्यक्ति काफी बेचैनी महसूस करता है।

स्केबीज होने पर स्किन पर खुजली होती है और लाल उभार (red patches) या चकत्ते उग आते हैं। स्केबीज की खुजली रात में अधिक गंभीर हो जाती है।

शिशुओं और बच्चों में आमतौर पर गर्दन के आसपास और सिर की त्वचा, चेहरा, हथेली और पैर के तलवों में खुजली होती है।

कमजोर इम्यून सिस्टम वाले व्यक्तियों में भी स्केबीज के लक्षण तेजी से विकसित होते हैं।

वयस्कों में इस बीमारी के लक्षण उंगलियों के बीच, बांह के नीचे (armpits), कमर के आसपास एवं कलाई और कोहनी के नीचे आमतौर पर दिखायी देते हैं।

इसके अलावा इस बीमारी के लक्षण पैर के तलवों में, स्तन के आसपास, पुरुषों के जननांगों के आसपास, नितंबों पर, घुटनों पर और कंधों पर भी देखा जा सकता है।

यदि कोई व्यक्ति खाज से पहले कभी पीड़ित रह चुका हो तो कुछ ही दिनों बाद उसके शरीर में स्केबीज के लक्षण फिर से विकसित होने लगते हैं। लेकिन जिन व्यक्तियों को पहले कभी स्केबीज नहीं रहा है उनमें इसके लक्षण विकसित होने में छह हफ्ते लगते हैं। आपको यह भी ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि यदि आपके शरीर पर इस बीमारी के कोई लक्षण या संकेत नहीं दिखायी दे रहे हैं, तब भी आप स्केबीज से पीड़ित हो सकते हैं।

स्केबीज का इलाज  – Treatment of scabies in hindi

खाज या स्केबीज का इलाज इसके लक्षण (sign) दिखने के तुरंत बाद समय पर ही करा लेना चाहिए। इसके अलावा यदि आपको रात में अधिक तेज खुजली होती है और खुजली के कारण स्किन पर घाव हो जाता है या घर में कोई व्यक्ति इसी समस्या से जूझ रहा हो तो आपके त्वचा विशेषज्ञ के पास जाकर सही तरीके से स्केबीज का इलाज कराना चाहिए।

स्केबीज के इलाज के लिए डॉक्टर पीड़ित मरीज के स्किन के अंदर के सैंपल का माइक्रोस्कोप से परीक्षण करते हैं और स्किन में अंडे और घुन (mites) को देखते हैं।

जब स्केबीज का निदान हो जाता है तब इसका इलाज भी अधिक आसान हो जाता है। स्केबीज का इलाज दो विधियों से किया जाता है।

प्रथम उपचार में डॉक्टर खाज (scabies) से प्रभावित त्वचा पर पर्मेथ्रिन (permethrin) नामक एक क्रीम लगाते हैं जिसमें कीटनाशक (insecticide) मौजूद होता है। मरीज के गर्दन की त्वचा, पैर के तलवों से लेकर हाथ की उंगलियों के पोर और नाखूनों के पास इस क्रीम से मसाज किया जाता है। जबकि दूसरे उपचार में खाज से पीड़ित व्यक्ति को इवेर्मेस्टीन (ivermectin) नामक दवा दी जाती है।

खाज की खुजली को दूर करने के लिए डॉक्टर प्रभावित स्किन पर लोशन क्रीम (lotion cream)  लगाने की भी सलाह देते हैं, क्योंकि लोशन क्रीम खुजली को नियंत्रित करने में मदद करती है। जबकि इलाज कराने के करीब एक से दो हफ्तों बाद ही खाज से पूरी तरह निजात मिलता है।

दूसरे व्यक्तियों के संपर्क में आने से खाज होने पर भी इसका इलाज आसानी से किया जा सकता है। दूसरे व्यक्ति से फैले संक्रमण को दूर करने के लिए डॉक्टर गर्म पानी से स्किन को धोने की सलाह देते हैं और फिर स्किन पर क्रीम लगाने की भी सलाह देते हैं।

खाज से बचाव – Prevention of scabies in hindi

खाज (scabies) पैदा करने वाले घुन (mite)से बचने और इस बीमारी को अधिक फैलेने से रोकने के लिए आपको निम्न बातों का ध्यान रखना चाहिए।

अपने कपड़ों को साफ-सुथरा रखें। कपड़े, टॉवेल और बिस्तर एवं बेडशीट को धोने के लिए गर्म पानी और साबुन वाले पानी (soapy water) का इस्तेमाल करें। इन्हें उच्च तापमान पर सुखाएं और ड्राई क्लीन वाले कपड़ों को खुद ही घर पर न धोएं।

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घरों में अधिक दिन तक प्लास्टिक की थैली जमा करके न रखें और पुराना होने पर इन्हें फेंक दें। इसके अलावा बंद प्लास्टिक बैग (plastic bag) को बीच में खोलकर देखते रहें और सफाई करते रहें।

इन सावधानियों को अपनाकर खाज जैसी संक्रामक बीमारी से बचा जा सकता है।

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