आंखों में सूखापन के कारण लक्षण और घरेलू उपाय – Dry Eyes Causes, Symptoms and Treatment in Hindi

आंखों में सूखापन के कारण लक्षण और घरेलू उपाय - Dry Eyes Causes, Symptoms and Treatment in Hindi
Written by Jaideep

Dry eyes in hindi जानिए आपकी आंखों में सूखापन के कारण, लक्षण और घरेलू उपाय (home remedies for dry eyes) के बारे में,ऑंखे आपके प्रमुख अंगों में से एक है। यदि आपकी आंखें हवा या गर्मी के प्रति अति संवेदनशील है, और उनमें आसानी से खुजली और जलन हो जाती हैं, तो यह संभव है कि आप ऑंखों का सूखापन (Dry Eyes) से ग्रसित हो सकते है। जो बताता है कि आपको ड्राई ऑय सिंड्रोम (dry eyes syndrome) हुआ है।

आंख में सूखापन तब होता है जब आपकी आंसू ग्रंथियां (tear glands) पर्याप्त मात्रा में आंसू का उत्पादन नहीं करती है या आंसू जल्दी वाष्पित हो जाते हैं। और आपकी आँखें शुष्क होने लगती है यदि आपकी आँखों में सूखापन रहता है, तो यह लेख आपकी मदद कर सकता है। हमने आंखों में सूखापन के उपचार के लिए कुछ बेहतरीन घरेलू उपचारों को ढूंढ़ा है जो आपकी आंखों में नमी को बनाये रखने और उनके स्‍वस्‍थ्‍य कामकाज में मदद कर सकते हैं। आइए जाने ऑंखों के सूखापन को दूर करने के घरेलू उपाय के बारे में।

1. आंखों का सूखापन क्‍या है – What is Dry Eyes in Hindi
2. ड्राई आंख के कारण – Causes Dry Eyes in Hindi
3. आंखों में सूखापन के लक्षण – Symptoms Of Dry Eyes in Hindi
4. ड्राई आईज ट्रीटमेंट इन हिंदी – Dry eye treatment in hindi

5. नेत्रों में सूखापन को कैसे रोकें – How to prevent dry eyes in Hindi
6. आंखों के सूखापन को दूर करने के घरेलू उपाय – Home Remedies For Dry Eyes in Hindi

आंखों का सूखापन क्‍या है – What is Dry Eyes in Hindi

ऐसी स्थिति जहां एक व्यक्ति अपनी आंखों को चिकनाहट या पोषण देने के लिए पर्याप्त मात्रा में आंसू पैदा करने में असमर्थ रहता है उसे आंखों का सूखापन (dry eyes) कहते है। आंखों की इस समस्‍या को शुष्क आंख सिड्रोंम या केराटोकनजक्टिवाइटिस (keratoconjunctivitis) भी कहते है। आपकी आंखों में चिकनाहट रखने और धूल व अन्‍य परेशानियों से बचने के लिए आँसू की एक परत की आवश्‍यक्‍ता होती है। इस परत की कमी से प्रभावित व्‍यक्ति की आंखों में सूखापन और जलन हो सकती है। सूखी आंखे कई कारणों से हो सकती हैं। कुछ सामान्य कारणों को यहाँ बताया जा रहा है।

ड्राई आंख के कारण – Causes Dry Eyes in Hindi

आपकी आँखों में सूखापन के कुछ सामान्‍य कारण जो आपकी स्‍वस्‍थ्‍य आंखों को प्रभावित करते है, और उनके लिए बहुत बीमारीयों को न्‍यौता देते है।

ऐसे विभिन्न कारणों से आपको ड्राई आई की परेशानी हो सकती है। (और पढ़े – कॉन्टेक्ट लेंस का इस्तेमाल करते समय कैसे करें आंखों की देखभाल)

आंखों में सूखापन के लक्षण – Symptoms Of Dry Eyes in Hindi

आंखों की शुष्‍कता से ग्रसित व्‍यक्ति को आंखों से संबंधित कई प्रकार की समस्‍या हो सकती है, जो उसके व्यावसायिक व व्यवहारिक जीवन में परेशानी का कारण बन सकती है। इस प्रकार के कुछ लक्षण जो सामान्‍य रूप से लोगों में देखे जाते है जो बताते है कि व्यक्ति आंखों में सूखापन (Dry Eyes) से ग्रसित है। आइऐ जानते है वे सामान्‍य लक्षण जो बताते है कि आप आंखों के सूखापन से ग्रसित हैं।

  • आपकी आंखों में चुभन और जलन का एहसास होना
  • आपकी आंखों में दर्द हो रहा हो
  • आंखे लाल और उनमें जलन (red and irritated) हो रही हों
  • आंखों की धुंधली द्रष्टि (Blurry vision)
  • आपकी आंख में या उसके आस-पास बलगम (mucus) आना
  • तेज लाइट बरदास्‍त न कर पाना
  • आंखे थकी थकी लगना
  • आपकी दोनों आंखों में खरोंच आना

सूखी आंख केवल आपकी आंखों को ही प्रभावित नहीं करती बल्कि वह आपके दैनिक जीवन को भी प्रभावित करती है। इस कारण आंखों के सूखापन को जल्‍दी से दूर करने के लिए घरेलू उपचारों का प्रयोग करना चाहिए। संभवत: सबसे प्राकृतिक तरीके से इस बीमारी का इलाज करने से बेहतर क्‍या हो सकता है। अगर आपको इसके उपचार के घरेलू तरीके नहीं पता तो कोई बात नहीं आप इस लेख में जानेगें कि अपनी आंखों की शुष्‍कता को कैसे दूर कर सकते है। (और पढ़े – मोतियाबिंद के कारण, लक्षण, इलाज और बचाव)

ड्राई आईज ट्रीटमेंट इन हिंदी – Dry eye treatment in hindi

आंखों का सूखापन दूर करने के लिए अपना पर्यावरण बदलें – Change Your environment for Dry Eyes in Hindi

आपकी आंखों की शुष्‍कता का एक सामान्‍य कारण आपके आसपास का परिवेश भी हो सकता है। आप कैसी जगह पर ज्‍यादा से ज्‍यादा समय व्‍य‍तीत करते है यह आपके संपूर्ण स्‍वास्‍थ्‍य पर अपना असर छोड़ता है। अपनी आंखों को स्‍वस्‍थ्‍य रखने के लिए आप सिगरेट के धुएं से बचें, और तेज हवाओं के समय घर के अंदर रहें।

मोटरसाइकिल, स्‍कीइंग (Skiing) या घुड़सवारी जैसी गतिविधियों में शामिल होने पर हवा से अपनी आंखों की रक्षा के लिए उपयुक्‍त उपकरणों (eyewear) का उपयोग करें।

ड्राई ऑय से बचने के लिए अपने आहार में फैटी ऐसिड को शामिल करें – Supplement Your diet with Fatty acids for Dry Eyes in Hindi

ड्राई ऑय से बचने के लिए अपने आहार में फैटी ऐसिड को शामिल करें – Supplement Your diet with Fatty acids for Dry Eyes in Hindi

आंखों की शुष्‍कता पर किये गए शोध बताते है कि अधिक ओमेगा-3 फैटी एसिड (Omega-3 fatty acids) खाने से आंखों के सूखापन से छुटकारा मिल सकता है। यह फैट शरीर में सूजन को कम करने का काम करता है। यह आंखों की सूजन को कम करके ड्राई ऑय से मुक्ति दिलाने में मदद करता है। जिससे आपकी आंखों में अधिक आंसू उत्‍पादन और उच्‍च गुणवत्‍ता वाले आंसुओं का निर्माण संभव हो पाता है।

इसके लिए आप ओमेगा-3 पूरक आहार (supplements) का उपयोग कर सकते हैं, या जिन खाद्य पदार्थों में इसकी अच्छी मात्रा उपलब्ध है आप उनका सेवन कर सकते हैं जैसे कि :

ये सभी उत्‍पाद ओमेगा-3 फैटी एसिड के पूरक आहार होते है जिनका उपयोग कर आप आपनी आंखों को स्‍वस्‍थ्‍य रख स‍कते है। (और पढ़े – ओमेगा 3 फैटी एसिड के फायदे और स्वास्थ्य लाभ)

आंखों के ड्राप या मलहम (आंखों में सूखापन की दवा) का उपयोग करें – Try Drops Or ointments for Dry Eyes in Hindi

शुष्‍क आंखों के उपचार के लिए आज बहुत से डॉक्‍टरी तरीके और दवाएं उपलब्‍ध है जो आपको राहत दिलाने में मदद कर सकते है। डॉक्‍टर द्वारा बताए गए ऑय ड्राप आपको अस्थायी राहत दिला सकते है। ध्‍यान रखने वाली बात यह है कि कुछ आंखों के ड्राप बचाव करने वाले पदार्थ (preservatives) होते है। ये आमतौर पर शीशीयों में कई बार उपयोग करने लायक मात्रा में आते है, जो शीशी खोले जाने के बाद बैक्‍टीरिया से प्रभावित होकर आपकी आंखों को भी संक्रमित कर सकते है। यदि आप एक दिन में चार बार से ज्यादा इसका उपयोग करते हैं, तो आपको संरक्षक मुक्त ड्राप का उपयोग करना चाहिए। संरक्षक मुक्त ड्राप (Preservative-free drops) आमतौर पर एकल खुराक शीशियों में आते हैं।

मरहम ड्राप से गाढ़े होते हैं और आंखों को ढंकने और सूखेपन से लंबे समय तक बचाते हैं। हांलांकि, जब आप उनका उपयोग कर रहे हों तो महलम आपकी द्रष्टि को धुंधला कर सकते हैं। सोने के समय से पहले उनका उपयोग करना सबसे अच्‍छा होता है। (और पढ़े – आँखों को स्वस्थ रखने के लिए 10 सबसे अच्छे खाद्य पदार्थ)

आंखों में सूखापन होने पर डॉक्टर को कब दिखाएं – When to see your Doctor For dry eyes in Hindi

यदि ऑय ड्राप (eye drop) और मरहम के उपचार से आपको राहत नहीं मिलती है, या आपको लगाता है कि आपकी आंखों की स्थिति गंभीर है, तो अब आपके डॉक्टर को दिखाने का समय है। यहां कुछ लक्षण बताए गए है यदि आपको इस प्रकार की कोई भी परेशानी हो तो आपको डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

  • यदि आपकी आंखे लाल और सूजन (red and swelling) बाली हों
  • आपकी आंखों में हल्‍की जलन और दर्द हो रहा हो
  • आंखों में चोट हो (eye injury)
  • आंखों में दर्द, सूजन, और कठोरता हो
  • आपका मुंह सूख रहा हो

सूखी आंखें आमतौर पर कुछ समय के लिए होती हैं, और अधिकांश लोगों के लिए उम्र बढ़ने का एक प्राकृतिक संकेत होता है। लेकिन कुछ मामलों में स्थिति कुछ और गंभीर हो सकती है। इससे राहत पाने के लिए घरेलू देखभाल का प्रयास करें और यदि आवश्‍यक हो तो अपने डॉक्‍टर से भी संपर्क करें। (और पढ़े – क्या आँखों की इन बीमारियों को जानते हैं आप)

नेत्रों में सूखापन को कैसे रोकें – How to prevent dry eyes in Hindii

ऑय ड्राप या मलहम का उपयोग करने के अलावा, शुष्‍क आंखों के प्रभाव को रोकने में मदद करने के कई आसान तरीके हैं। जो इस प्रकार है :

  • तेज हवा से बचना : बालों को सुखाने वाले, गर्म और तेज हवा देने वाले उपकारणों का उपयोग सीमित करना और खुले वातावरण में निकलने से पहले आपनी आंखों की रक्षा करने के लिए चश्‍में का उपयोग करना।
  • सर्दियों के समय हृयूमिडीफायर (humidifier) चालू करें : होम हीटिंग सिस्‍टम आपके घर में हवा को गर्म करने और आपकी आंखों के सूखने का कारण बन सकता है। लेंकिन ह्यमिडफायर का उपयोग हवा में नमी बनाए रखने में मदद कर सकते है।
  • अपनी आंखों को आराम दें : बार-बार पढ़ने, टीवी देखने और कंप्‍यूटर का उपयोग करने से आपकी आंखे सूक सकती है। इसलिए ब्रेक (breaks) लेना जरूरी होता है, ताकि आपकी आंखें अपनी नमी को बापिस प्राप्‍त कर सकें।
  • सिगरेट का धुआं सूखी आंखों को परेशान कर सकता है। जब आप आंखों की शुष्‍कता से परेशान हों तो ऐसी जगहों से बचें ।
  • अपनी आंखों को गर्म दवाब दें और फिर पलकों को धो लें : अपनी आंखों पर गर्म संपीड़न (warm compress) रखना, फिर बेबी शैम्‍पू से अपनी पलकें धोना आपकी पलकें ग्रंथियों में कुछ तेल छोड़ने में मदद करता है, इससे आपके आंसुओं की गुणवत्‍ता में सुधार होता है।

आंखों के सूखापन को दूर करने के घरेलू उपाय – Home Remedies For Dry Eyes in Hindi

आपकी आंखों का सूखापन कुछ दिनों के लिए ही होता है, और आप इसका उपचार डाक्‍टरी सलाह द्वारा भी कर सकते है। लेंकिन यदि आप इस समस्‍या का उपचार अपने घर में प्राकृतिक तरीके से करें तो यह और भी फायदेमंद और सस्‍ता होगा। आइए जाने आंखों के सूखापन को दूर करने के घरेलू उपाय और नुस्खे क्या है।

आंखों में सूखापन का उपचार है अरंड़ी का तेल – Home Remedies For Dry Eyes – Castor Oil in Hindi

 

आंखों में सूखापन का उपचार है अरंड़ी का तेल – Home Remedies For Dry Eyes - Castor Oil in Hindi

इसके लिए आपको चाहिए 1-2 बूंद ठंडा (cool pressed) अरंडी का तेल ।

आपको करना है :

आपकी आंखों में जैविक अरंडी तेल (Organic castor oil) की एक या दो बूंदे डालें। शुद्ध कैस्‍टर ऑयल ना होने पर आप कास्‍ट ऑयल से बने स्‍नेहक आंखों के ड्राप का भी उपयोग कर सकते हैं। ऐसा आपको रोजाना 2-3 बार करना है।

यह क्‍यों काम करता है: शुष्‍क आंखों के लिए कास्‍टल तेल का उपयोग करना फायदेमंद है क्‍योंकि यह कास्‍ट प्‍लांट (Ricinus communis) के बीज दबाकर व्‍युत्‍पन्‍न होते हैं और इसमें ऐसिड अच्‍छी मात्रा में होते है। यह स्‍वाभाविक यप से स्‍नेहक गुण प्रदान करता है।  इसमें विरोधी भड़काऊ (Anti-inflammatory) गुण भी होते है जो आंखों में सूखे जे जुड़ी जलन और खुजली को दूर करने में मदद करते है।

नारियल तेल आंखों में सूखापन का घरेलू उपचार है – Home Remedies For Dry Eyes coconut oil in Hindi

नारियल तेल आंखों में सूखापन का घरेलू उपचार है – Home Remedies For Dry Eyes coconut oil in Hindi

आपको चाहिए : कार्बनिक (organic virgin) नारियल तेल की कुछ बूंदें ।

आप अपनी आंखों में इस नारियल तेल की कुछ बूंदे डालें। और आपनी पलकों को झपका कर इस तेल को अवशोषित करने का प्रयास करें। अच्‍छे परिणाम पाने के लिए आप इसे सुबह और रात में उपयोग कर सकते है।

नारियल तेल का उपयोग विभिन्‍न उद्देश्‍यों को पूरा करने के लिए किया जाता है। इसमें कैप्रिक ऐसिड और लॉरिक एसिड (capric and lauric acid) जैसे फैटी ऐसिड होते हैं, जो आपकी त्‍वचा और बालों के लिए फायदेमंद होते हैं। ये भी अत्यधिक नमी और एंटी-इन्फ्लामेट्री होते हैं, इसलिए इसका उपयोग आपकी शुष्‍क और खुजली वाली आंखों में तुरंत राहत दिलाने में मदद करते है। (और पढ़े – नारियल के तेल के फायदे और उपयोग)

आंख के सूखापन के घरेलू उपचार ककड़ी से – Home Remedies For Dry Eyes Cucumber in Hindi

आंख के सूखापन के घरेलू उपचार ककड़ी से – Home Remedies For Dry Eyes Cucumber in Hindi

आप अपनी शुष्‍क आंखों का उपचार ककड़ी से कर सकते है। इसके लिए आप ककड़ी को गोल आकार में काट लें। तुरंत आराम पाने के लिए अपनी आंखों को बंद कर उनके ऊपर ककड़ी के काटे गऐ तुकड़ों को रखें। अपनी आंखों को आराम दिलाने और उन्‍हें स्‍वस्‍थ्‍य रखने के लिए ऐसा दिन में 2-3 बार कर सकते हैं।

खीरा (Cucumber) शुष्‍क आंखों के उपचार के सबसे अच्‍छा और आसान उपचार हैं। ककड़ी में पानी पर्याप्‍त मात्रा में होता है जो आपकी आंखों को शांत करने में मदद करता है। ककड़ी में विटामिन ए भी होता है, जो सूखी आंखों के उपचार में लाभकारी होता है। (और पढ़े – खीरा के फायदे गुण लाभ और नुकसान)

सूखी आंखों का उपचार कैमोमाइल चाय से – Home Remedies For Dry eyes Chamomile Tea in Hindi

सूखी आंखों का उपचार कैमोमाइल चाय से – Home Remedies For Dry eyes Chamomile Tea in Hindi

सूखे कैमोमाइल जड़ी बूटी (Chamomile herb) का 1 चम्‍मच, 1 कप गर्म पानी और कॉटन पेड (cotton pads) आदि की आपको आवश्यकता होगी।

एक कप गर्म पानी में एक चम्‍मच कैमामाइल चाय को डालें और कम से कम दस मिनिट के लिए इसे ऐसे ही छोड़ दें। और इसे फ्रिज में ठंडा होने के लिए रख दें। जब यह ठंड़ा हो जाए तो कॉटन पेड को इस ठंडी चाय में डुबों कर उन्‍हें अपनी बंद आंखों पर रखें और अन्‍हें 10-15 मिनिट तक रखे रहने दें। ऐसा आपको तब तक करना चाहिए जब तक की आपको राहत न मिल जाए। आप प्रतिदिन इसे 3-4 बार कर सकते है।

कैमोमाइल अपने आराम और शांत प्रभावों के कारण शुष्‍क और सूजन (dry and swelling) भरी आंखों से छुटकारा पाने का अच्‍छा तरीका है। इसके प्राकृतिक एंटी-इन्फ्लामेट्री और आरामदायक गुण आंखों में नमी को बढ़ाते है और आंखों की जलन को कम करने में मदद करते है।

आंखों के सूखापन को दूर करे सौंफ की चाय – Home Remedies For Dry Eyes Fennel seeds in Hindi

आंखों के सूखापन को दूर करे सौंफ की चाय – Home Remedies For Dry Eyes Fennel seeds in Hindi

आपको चाहिए एक चम्‍मच सौंफ के बीज, एक कप उबलता गर्म पानी और सूती कपड़ा (cotton pad)

एक कप पानी में एक चम्‍मच सौंफ डालकर इसे 10-15 मिनिट तक उबालें। थोड़ा ठंडा होने के बाद इस गर्म चाय में सूती कपड़े को भिगों कर अपनी आंखों में रखें। और इसे कम से कम दस मिनिट के लिए छोड़ दें। आपको ऐसा प्रतिदिन 2-3 बार करना चाहिए।

सौंफ के बीज में एंथोल (anethole), एक कार्बनिक यौगिक होता है। जो एंटी-इन्फ्लामेट्री और सुखदायक गुण प्रदान करता है। सौंफ के बीज की एंटी-इन्फ्लामेट्री गतिविधियां सूजन और चिड़चिड़ापन को कम करने में मदद कर सकती हैं, आपकी आंखों में नमी को बनाए रखने के लिए इसके गुणों का उपयोग किया जा सकता है।  (और पढ़े – सौंफ खाने के 10 फायदे )

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