कायफल के फायदे और नुकसान – kayfal or kayphal (Myrtus) Benefits and Side Effects in Hindi

कायफल के फायदे और नुकसान - kayfal or kayphal (Myrtus) Benefits and Side Effects in Hindi
Written by Jaideep

Myrtus Communis In Hindi कायफल (मायर्टस कम्यूनिस)के नाम की अपेक्षा आपने जायफल का नाम जरूर सुना होगा। लेकिन क्‍या आप कायफल के फायदे और नुकसान जानते हैं। कायफल हमारे स्‍वास्‍थ्‍य के लिए बेहद अहम जड़ी बूटीयों में से एक है। इसका उपयोग शदियों से आयुर्वेदिक उपचार में प्रमुखता से किया जा रहा है। कायफल के फायदे प्रतिरक्षा शक्ति बढ़ाने, हार्मोन संतुलन, कैंसर उपचार, किडनी स्‍वास्‍थ्‍य आदि के लिए लाभकारी होते हैं। इस आर्टिकल में आप कायफल के फायदे और नुकसान की जानकारी प्राप्‍त करेगें। आइए जाने कायफल क्‍या हैं।

(और पढ़ें – जायफल के फायदे और नुकसान)

1. कायफल क्‍या है – Kayfal Kya Hai in Hindi
2. कायफल के पोषक तत्‍व – Kayfal Ke Poshak Tatva in Hindi

3. कायफल के नुकसान – kayfal ke Nuksan in Hindi

कायफल क्‍या है – Kayfal Kya Hai in Hindi

सबसे पुरानी जड़ी बूटीयों में कायफल का नाम शामिल किया जाता है। इस पौधे का वैज्ञानिक नाम मायटेरस कम्‍यूनिस (Myrtus communis) है। इस औषधीय पौधे का विवरण कई धार्मिक ग्रंथों में मिलता है। कायफल एक सदाबहार झाड़ी है जो कभी-कभी छोटे पेड़ के रूप में भी मिलता है। इसकी ऊंचाई लगभग 5 मीटर तक होती है। इस पौधे के सबसे उपयोगी अंग इसकी पत्तियां होती हैं जिसमें औषधीय तेल होता है। पत्तियों की लंबाई लगभग 3 से 5 सेमी. होती हैं। इस पौधे के फूल स्‍टार के आकार के होते हैं। जिन्‍से ब्‍लैकबेरी की तरह दिखने वाले फल प्राप्‍त होते हैं। आइए जाने कायफल में मौजूद पोषक तत्‍व क्या हैं।

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कायफल के पोषक तत्‍व – Kayfal Ke Poshak Tatva in Hindi

औषधीय गुणों से भरपूर कायफल के पत्तों में कार्बनिक यौगिकों की अच्‍छी मात्रा होती है। यह न केवल पोषक तत्‍वों से भरपूर जड़ी बूटी के रूप में बल्कि आवश्‍यक तेल के रूप में भी महत्‍वपूर्ण आहार मानी जाती है। नियमित रूप से इस जड़ी बूटी का उपभोग मानव स्‍वास्‍थ्‍य को बढ़ावा देने में मदद करता है। आइए जाने कायफल से प्राप्‍त होने वाले स्‍वास्‍थ्‍य लाभ क्‍या हैं।

कायफल के फायदे मधुमेह के लिए – kayfal ke gun madhumeha ke liye in Hindi

डायबिटीज को नियंत्रित करने की क्षमता कायफल में होती है। इसलिए मधुमेह रोगी के लिए कायफल फायदेमंद जड़ी बूटी मानी जाती है। प्रारंभिक अध्‍ययनो से पता चलता है कि कायफल में वाष्‍पशील यौगिक और फ्लेवोनोल्‍स (flavonols) रक्‍त शर्करा प्‍लाज्मा को कम कर सकते हैं। इसका मतलब यह है कि यह शरीर में रक्‍त शर्करा के स्‍तर को कम करने में सहायक होते हैं। इसलिए मधुमेह रोगीयों के लिए कायफल का सेवन करना फायदेमंद हो सकता है। यदि आप भी मधुमेह रोगी हैं तो कायफल के फायदे प्राप्‍त करने के लिए अपने आहार में इसे शामिल करें।

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कायफल के लाभ हृदय स्‍वास्‍थ्‍य के लिए – kayfal ke labh hirday swasth ke liye in Hindi

विभिन्‍न प्रकार के फ्लेवोनाइड्स की अच्‍छी मात्रा कायफल में मौजूद रहती है। ये घटक शरीर में खराब कोलेस्ट्रॉल के ऑक्‍सीकरण को रोकने में सहायक होते हैं। जिससे आपके शरीर में कोलेस्‍ट्रॉल के स्‍तर को निय‍ंत्रित किया जा सकता है। अधिक कोलेस्‍ट्रॉल आपकी रक्‍त वाहिकाओं और हृदय स्‍वास्‍थ्‍य के लिए खराब माना जाता है। इस तरह से आपकी रक्‍त वाहिकाएं उचित रक्‍त परिसंचरण को बनाए रखने में मदद करती हैं। जिससे आपको हृदय रोग होने की संभावना कम हो जाती है। यदि आप हृदय संबंधी समस्‍याओं को रोकना चाहते हैं तो कायफल का उपयोग कर लाभ प्राप्‍त कर सकते हैं।

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कायफल का उपयोग कैंसर के उपचार में – kayphal ka upyog cancer upchar me in Hindi

एंटीऑक्‍सीडेंट की उच्‍च मात्रा कायफल में मौजूद रहती है। कायफल में मौजूद फायदेमंद घटकों में क्वेरसेटिन (quercetin), टैनिन (tannins), मायरिकेटिन (myricetin) और कैटेचिन (catechin) आदि होते हैं। इन सभी एंटीऑक्‍सीडेंटों पर किये गए अध्‍ययनो से पता चलता है कि इनमें एंटी-कार्सिनोजेनिक और एंटी-म्‍यूटाजेनिक (anti-carcinogenic and anti-mutagenic) गुण होते हैं। जो विभिन्‍न प्रकार के कैंसरों जैसे प्रोस्‍टेट और स्‍तन कैंसर की रोकथाम करने में मदद करते हैं। हालांकि अभी भी अध्‍ययन किये जा रहे हैं जो कायफल के और भी संभावित लाभ दिखा सकते हैं। इस तरह से आप भी कैंसर के लक्षणों को कम करने या भविष्‍य में कैंसर की संभावना को कम करने के लिए कायफल के लाभ प्राप्‍त कर सकते हैं।

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कायफल का इस्‍तेमाल प्रतिरक्षा को बढ़ाये – kayfal ke fayde for boost immunity in Hindi

आप अपनी रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने के लिए कायफल का सेवन कर सकते हैं। कायफल में मौजूद जीवाणुरोधी गुण आपके शरीर को वाहरी जीवाणुओं के प्रभाव से बचाने में मदद करते हैं। बार-बार सर्दी जुकाम होना या अन्‍य सामान्‍य स्‍वास्‍थ्‍य समस्‍याएं कमजोर प्रतिरक्षा शक्ति के कारण हो सकती हैं। लेकिन यदि आप नियमित रूप से कायफल को अपने आहार में शामिल इस समस्‍या से बच सकते हैं। इसमें मौजूद एंटीऑक्‍सीडेंट आपके शरीर में रोगों से लड़ने की क्षमता में वृद्धि करते हैं। जिससे आप सामान्‍य और गंभीर स्थिति पैदा करने वाले विषाणुओं का मुकाबला आसानी से कर सकते हैं। इस तरह से कायफल के फायदे इम्‍यूनिटी को बढ़ाने के लिए जाने जाते हैं।

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बॉक्स मर्टल के गुण अस्‍थमा का उपचार करें – kayphal ke gun asthma ke liye in Hindi

जैसा कि आप सभी जानते हैं कि कायफल से प्राप्‍त होने वाले तेल में भी औषधीय गुण होते हैं। कायफल का तेल अरोमाथेरेपी के बहुत ही लोकप्रिय तेल है। लेकिन आप कायफल के तेल का उपयोग अस्‍थमा और ब्रोंकाइटिस जैसी श्वसन समस्‍याओं को दूर करने के लिए उपयोग कर सकते हैं। इस तेल के औषधीय गुण श्वसन पथ को आराम दिलाने में मदद करते हैं। जिससे शरीर में ऑक्‍सीजन के प्रवाह में वृद्धि होती है। इस तरह से आप अपने गले और स्‍वशन तंत्र में होने वाली जलन और अन्‍य समस्‍याओं का प्रभावी उपचार कर सकते हैं।

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कायफल बेनिफिट्स फोर स्किन – Myrtle Benefit For Skin in Hindi

आप अपनी त्‍वचा को सुंदर बनाने और त्‍वचा समस्‍याओं को दूर करने के लिए कायफल का इस्‍तेमाल कर सकते हैं। मुख्‍य रूप से कायफल का उपयोग मुंहासों का उपचार करने के लिए किया जाता है। त्‍वचा समस्याओं को दूर करने के लिए कायफल के तेल का उपयोग अन्‍य आवश्‍यक तेलों के साथ मिलाकर किया जाना चाहिए। इस तेल में मौजूद एंटीऑक्‍सीडेंट क्षतिग्रस्‍त कोशिकाओं की मरम्‍मत करने और फ्रि रेडिकल्‍स से बचाने में मदद करते हैं। इस तरह से कायफल को प्रभावी जड़ी बूटी के रूप में उपयोग किया जा सकता है। यह शरीर की आंतरिक और बाहृ समस्‍याओं को दूर करने में अहम भूमिका निभा सकता है।

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कायफल का चूर्ण हार्मोन संतुलित करे – kayfal ka churn Hormone santulit kare in Hindi

आप अपने शरीर में होने वाले हार्मोनल परिवर्तनों को संतुलित करने के लिए कायफल का उपयोग कर सकते हैं। यह मुख्‍य रूप से थायरॉड ग्रंथि और अंत:स्रावी तंत्र के लिए फायदेमंद होता है। कायफल तेल का उपयोग आप आहार के रूप में या फिर सुगंध लेने के रूप में कर सकते हैं। जो आपके शरीर में हार्मोन्स के स्राव को प्रभावित कर सकता है। जिनमें अंडाशय और महिलाओं के प्रजनन स्‍वास्‍थ्‍य संबंधी हार्मोन हो सकते हैं। इस तरह से आप भी अपने शरीर में स्‍वास्‍थ संतुलन बनाए रखने के लिए कायफल के तेल का उपयोग कर सकते हैं।

कायफल के नुकसान – kayfal ke Nuksan in Hindi

सामान्‍य रूप से उपभोग करने पर कायफल और कायफल तेल बहुत ही फायदेमंद होते हैं। लेकिन अधिक मात्रा में इनका उपभोग करने से कुछ नुकसान भी हो सकते हैं। कायफल के पत्‍तों और फलों को औषधी के रूप में सेवन करना फायदेमंद होता है। लेकिन आवश्‍यकता से अधिक सेवन करने पर यह अपचन, पेट दर्द, उल्‍टी और मतली आदि की समस्‍या बढ़ा सकता है। त्‍वचा पर कायफल तेल का उपयोग करने से पहले इसमें अन्‍य तेलों को मिलाकर पतला कर लेना फायदेमंद होता है।

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